17 रन पर पांच विकेट गिरने के बाद इस भारतीय खिलाड़ी ने खेली दमदार पारी

भारत में क्रिकेट को काफी पसंद किया जाता है। भारत क्रिकेट में अब तक दो वर्ल्ड कप जीत चुका है जिसमें पहला वर्ल्ड कप 1983 में कपिल देव की कप्तानी में जीता था। कपिल देव भारत के सफल कप्तानों में से एक हैं। 1983 में एक मैच में जिंबाब्वे के खिलाफ खेलते हुए भारत ऐसी स्थिति में आ गया था जहां से जीत पाना बहुत ही मुश्किल था।

भारत ने मात्र 17 रन के स्कोर पर अपने पांच प्रमुख बल्लेबाजों को गंवा दिया था इसके बाद भारत का इस मैच में वापसी करना लगभग नामुमकिन हो गया था। यह एक ऐसा गुमनाम मैच है जिसका कोई भी रिकॉर्ड नहीं है क्योंकि उस समय बीसीसीआई के कर्मचारी हड़ताल पर थे और इस कारण से इस मैच का कोई प्रसारण नहीं हुआ।

कपिल देव ने 138 गेंदों पर बनाए थे 175 रन

भारतीय कप्तान कपिल देव को 1983 के विश्व कप विजेता के तौर पर जाना चाहता है। जिंबाब्वे के खिलाफ जब 17 रन के स्कोर पर है भारत के 5 प्रमुख खिलाड़ी पवेलियन लौट चुके थे तो इसके बाद भारतीय कप्तान कपिल देव ने स्थिति को संभाला और क्रीज पर डटे रहे। कपिल देव ने इस मैच में 138 गेंदों पर शानदार पारी खेलते हुए 175 रन बनाए जिसमें 16 चौके और 6 छक्के शामिल हैं। कपिल देव की इस पारी को हमेशा याद किया जाएगा क्योंकि यह एक ऐसा मैच भी है जिसका कोई लाइव प्रसारण नहीं हुआ था।

भारत के ये प्रमुख बल्लेबाज हो चूके थे आउट

भारतीय क्रिकेट टीम ने टर्न भरी ज्वैल्स के मैदान में होने वाले इस मैच में पहले बल्लेबाजी करने का निर्णय लिया और दो जीतने के बाद कपिल देव नहाने के लिए चले गए लेकिन दूसरी तरफ भारतीय टीम जैसे ही मैदान में खेलने के लिए उतरी तो उसके 5 विकेट लगातार गिर गए। भारत के लिए सुनील गावस्कर और क्रिस श्रीकांत ने ओपनिंग की थी लेकिन दोनों पहली दो गेंदों पर ही आउट हो गए।

कुछ देर बाद मोहिंदर अमरनाथ भी आउट हो गए और इसके बाद संदीप पाटिल भी पवेलियन लौट गए। कपिल देव ने नहाना बीच में ही छोड़कर बैटिंग के लिए आए और मानो बीच में नहाते हुए आने की वजह से उन्हें काफी गुस्सा आ रहा हो और यह गुस्सा उन्होंने विपक्षी टीम पर उतारा और काफी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए 175 रन बना डाले।