धोनी को ‘मेंटर’ बनाने के बाद भी भारत की T20 वर्ल्ड कप में हार तय, जानिए वजह

T20 वर्ल्ड कप खेलने के लिए इंडिया टीम के खिलाड़ियों की घोषणा कर दी हुई है। टीम इंडिया में सहायक कोच के रूप में महेंद्र सिंह धोनी की वापसी हो चुकी है। भारतीय क्रिकेटर फैंस को उम्मीद हो गई है। की भारत एक बार फिर से आईसीसी ट्रॉफी जीतेगी, बताया जा रहा है। की धोनी की वापसी के बाद भी टीम इंडिया में कुछ कमियां है। जिसके कारन भारत एक बार फिर से वर्ल्ड कप में हार सकता हैं।

धवन का टीम में नहीं होना इंडिया के लिए एक नुकसान हो सकता है। 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी के बाद धवन लिमिटेड ओवर टीम का महतपूर्ण हिस्सा रहे हैं। भारत के लिए इनका आईसीसी टूर्नामेंट में बेहतरीन खिलाड़ियों में से एक हैं।

टीम इंडिया में गेंदबाजों की भी कमी है। भुवनेश्वर कुमार, जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद शमी को शामिल किया है। बुमराह के अलावा टी20 क्रिकेट में इन दोनों का प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा है। भुवी अभी लगातार चोट से जूझ रहे हैं। और शमी आज भी टी20 में खुद को साबित नहीं कर पाए हैं। अगर ये खिलाड़ी आउट फॉम में रहेंगे। तो इसके लिए टीम इंडिया ने रिजर्व खिलाड़ी के रूप में शार्दुल ठाकुर और दीपक चाहर को शामिल किया है।

वर्ल्ड कप के हार के बाद शास्त्री ने कोहली और श्रेयस अय्यर को नंबर 4 का खिलाड़ी बताते आ रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड के दौरे पर उन्होंने साबित भी किया अच्छा कर सकते हैं। लेकिन चोट लगने के बाद टीम में वापसी कर रहे अय्यर को रिजर्व के रूप में ही जगह दी गई है। जिसके बाद एक बार फिर से सवाल उठाया जा रहा है। नंबर 4 के बारे में

पिछले दो सालों में लिमिटेड ओवर में चहल ने भारत के लिए सबसे ज्यादा विकेट लिए हैं। तब भी उन्हें टीम में शामिल नहीं किया गया है। उनकी जगह टीम में अश्विन को दी गयी है। अश्विन 2017 के बाद लिमिटेड ओवर की टीम में वापसी कर रहे हैं। राहुल चाहर के पास भी थोड़ा अनुभव की कमी है। ऐसे में टीम इंडिया के लिए जित पाना थोड़ा मुश्किल है।

हार्दिक पंड्या को भी मौका दिया गया है। कमर चोट लगने के कारन बहुत परेशान चल रहे है। इन्होने काफी समय से गेंदबाजी भी नहीं की है। ऐसे में क्या हार्दिक लगातार अपने पुरे ओवर को पूर कर पाएंगे, इसी सब को लगातार सवाल उठ रहे हैं। टीम इंडिया के पास इसके अलावा उनके बैकअप के लिए कोई और विकल्प नहीं हैं।